December 2010 archive

‘भारत-रत्‍न’ नहीं हैं सचिन

‘भारत-रत्‍न’ राष्‍ट्र का एकमतेन निर्विवादित कृतज्ञता-ज्ञापन है और इसकी आधारभूत इकलौती और बन्धनकारी शर्त यही है कि इससे सम्मानित किये जाने वाले व्यक्‍ति ने, सायास, ऐसे कामों को अपना जीवन समर्पित किया हो जिससे यह देश कभी भी, और किसी तरह से भी, उऋण नहीं हो सकता हो। उसे ‘भारत-रत्‍न’ स्वीकारने की राष्‍ट्रीय घोषणा से भी नहीं। Continue reading

गिरना अपनी ही खोदी खाई में

Fourth Pocket

थैंक्स टु विकीलीक्स एण्ड राजा, रह-रह कर खयाल आ रहा है कि एक न एक को भगवान सद्‌-बुद्धि जरूर देगा कि जिनके अपने घर शीशे के होते हैं उन्हें दूसरों के शीश-महलों पर पत्थर फिकते देख कर खुश नहीं होना चाहिए। Continue reading

किसान राज-नीति

Sarokar

भोपाल के ताजे परिदृष्य में आम शहरी आदमी द्वारा यह सवाल उठाया जाना क्या सरासर अनैतिक होगा कि हर सिक्के की तरह किसानों द्वारा लहरा-लहरा कर दिखाई जा रही तस्वीर का भी अपना दूसरा पहलू है? नैतिकता से ही जुड़े कुछ सवाल उलटकर करने की घड़ी आ गयी है। Continue reading

स्पैक्‍ट्रम-आबंटन महा घोटाले की जाँच : सुलगता सवाल

सर्वोच्च न्यायालय द्वारा घोटाले की जाँच की निगरानी के सूत्र अपने हाथ में रखने के निर्णय को लेकर यदि यह कहा जाए कि इसने स्वतन्त्र भारत के, अब तक के, सबसे कठिन प्रजातान्त्रिक पहलू की सर्वथा नई, श्रृंखला -बद्ध, दार्शनिक बहस को भी सुलगा दिया है तो इसे प्रतिष्‍ठा का अहंकारी सवाल नहीं बनाया जाना चाहिए। Continue reading

साल के सबसे बड़े हँसगुल्ले

Fourth Pocket

वैक्सीन महा-घोटाले के जिम्मे-दार माने जा रहे थे। तभी सीधे कैग में चले गये। लीपा-पोती कितनी सफाई से होती है, इसके अनुभवी हैं। लतीफ़ा है कि शुंगलू का एक्सपीरिएंस संकट की इस भीषण घड़ी में बड़ा काम आयेगा। Continue reading

गन्दगी से नहीं, शर्मिन्दगी से बचाव

Fourth Pocket

वह तनिक भी शर्मिन्दा नहीं हैं। उस जैसा नेता तो बस, लीडर्स ही तय कर सकता है। भीड़ ही जुटा सकता है। और उसने ऐसा करके दिखा भी दिया था। भविष्य के एक होन-हार पीएम से इससे ज्यादा आस नहीं रखनी चाहिए। Continue reading

वैक्सीन की पोल : स्वयं पंगु है, पोलियो-मुक्‍ति का दावा

आज २०१०-११ में, स्वयं पोलियो-प्रतिरक्षण ही पोलियो फैलाने वाला सबसे बड़ा कारक बनने के जोखिम पर खड़ा है। पिलायी जाने वाली पोलियो वैक्सीन का कमजोर किया गया विषाणु बीमारी फैलाने लायक अपनी मजबूती एक बार फिर से पाने के लिए उन बच्चों के एण्टेरोवायरसेज़ से आनुवांशिक जानकारी एकत्र कर लेता है जिनको यह प्रभावित करता है। Continue reading

छाछ भी फूँक-फूँक कर पीना

Fourth Pocket

सरकोजी ने दूसरे तलाक की घड़ियाँ गिनना चालू कर दिया है। कन्फ़र्म नहीं हूँ। फिर भी अनुमान है कि पहली बीबी भी पाँच फुट छह इंच से नीची नहीं रही होगी। नहीं तो, और क्या खास वजह हो सकती थी? Continue reading